देशभक्त चन्द्रशेखर आजाद की पुण्यतिथि पर काव्य संगोष्ठी एवं वृहद रक्तदान शिविर का आयोजन
- ये देश आजादी के रणबाँकुरे चन्द्रशेखर आजाद का सदैव ऋणी रहेगा - सुधीर गिरि
- निर्विवाद रूप से अकेले चन्द्रशेखर आजाद ने क्रान्ति की मशाल जलाकर सबसे पहले आजादी की नींव रखी - डाॅ. राजीव त्यागी, प्रतिकुलाधिपति
मेरठ। राष्ट्रीय राजमार्ग बाईपास स्थित वेंक्टेश्वरा संस्थान में देश के महान सपूत आजदी के रणबाँकुरे चन्द्रशेखर आजाद की पुण्यतिथि पर आजादी का महानायक आजाद विषय पर काव्य गोष्ठी एवं वृहद रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। इस अवसर पर उपस्थित वक्ताओं ने चन्द्रशेखर आजाद को देश की आजादी का सबसे बड़े रणबाँकुरों में से एक बताते हुए कहा, कि ये देश सदैव आजाद का ऋणी रहेगा। इसके साथ ही वृहद रक्तदान शिविर में 142 यूनिट रक्त संचय किया गया।
डाॅ. सी.वी. रमन सभागार में आयोजित आजादी का महानायक ‘‘आजाद‘‘ विषय पर संगोष्ठी एवं वृहद रक्तदान शिविर का शुभारम्भ संस्थापक अध्यक्ष सुधीर गिरि, प्रतिकुलाधिपति डाॅ. राजीव त्यागी, प्रभारी कुलपति युवराज सिंह एवं कुलसचिव पीयूष कुमार पाण्डेय आदि ने चन्द्रशेखर आजाद की प्रतिमा के सम्मुख दीप प्रज्वलित कर एवं रक्तदान शिविर का फीता काटकर किया।
अपने सम्बोधन में संस्थापक अध्यक्ष सुधीर गिरि ने कहा कि ये देश आजादी के रणबाँकुरे चन्द्रशेखर आजाद का सदैव ऋणी रहेगा। जिन्होनें देश के युवाओं में क्रान्ति की मशाल जलाकर सही मायने में आजादी की नींव रखी।
विख्यात साहित्यकार एवं महाकावियत्री डाॅ. मधु चतुर्वेदी ने चन्द्रशेखर को अपने घर वालों की लिखी चिटठी पर कविता करते हुए कहा कि- जा रहा हूँ सोचकर लौट आऊँगा मैं, पर सफर तो सफर है राह मत देखना।
आ सका तो रहूँगा तुम्हारा सदा, पर मिलन के सपन आह मत देखना।’’
सुनाकर सभी की आँखे नम कर दी।
प्रतिकुलाधिपति डाॅ. राजीव त्यागी ने डाॅ0 रघुवंशी की पंक्तियो से चन्द्रशेखर आजाद को याद करते हुए कहा कि -
‘‘ना चाहा वंशजों ने, जिसके कुछ भी बाद दुनिया से।
मिटा सकता नहीं कोई भी, उसकी याद दुनिया से।।
बिना जिसके अमर बलिदान की गाथा अधूरी है।
जिया ‘‘आजाद‘‘ दुनिया में, गया ‘‘आजाद‘‘ दुनिया से।।
उन्होंने कहा जीते जी अंग्रेजों से लोहा लेते हुए आखिरी समय में अंग्रेजों द्वारा घेर लिए जाने पर उनकी पकड़ में आने के बजाय उन्होंने अपने आप को गोली मारकर इस देश के लिए खुद को शहीद कर लिया।
कार्यक्रम को प्रभारी कुलपति युवराज सिंह और कुलसचिव डाॅ. पीयूष कुमार पाण्डेय ने भी सम्बोधित किया।इस अवसर पर विश्वविद्यालय के सलाहकार आर.एस. शर्मा, सी.एफ.ओ. विकास भाटिया, डाॅ. राजेश सिंह, डाॅ. नीतू पंवार, डाॅ. सुमन कुमारी, डाॅ. आशुतोष, डाॅ. एस.के. श्रीवास्तव, डाॅ. योगेश्वर शर्मा, डाॅ. ओम प्रकाश गोसाई, डाॅ. धीरज, डाॅ. राजवर्द्धन, डाॅ. अरूण कुमार गोस्वामी, डाॅ. ज्योति सिंह, डाॅ. श्रीराम गुप्ता, फैजान, शक्तिध्वज, मेरठ परिसर से निदेशक डाॅ. पंकज चैधरी, मीडिया प्रभारी विश्वास राणा आदि लोग उपस्थित रहे।




No comments:
Post a Comment