हरिद्वार।देश के पहले सीडीएस बिपिन रावत एवं उनकी पत्नी मधुलिका रावत की अस्थियां शनिवार को हरिद्वार गंगा में विसर्जित की गईं। उनकी दोनों बेटियां दिल्ली से अस्थि कलश लेकर हरिद्वार वीआईपी घाट पहुंचीं। जहां पर सैन्य सम्मान और विधि विधान के साथ उनकी अस्थियां गंगा में विसर्जित की गई।
सुबह करीब साढ़े 11 बजे परिवार के सदस्य अस्थियों को लेकर घाट पर पहुंचे। इस दौरान सेना की ओर से अंतिम सलामी दी गई। वीआईपी घाट पर सेना का बैंड और टुकड़ियां भी मौजूद रहीं।
इस मौके पर केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री अजय भट्ट, विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन कौशिक, कैबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरानंद, हरिद्वार मेयर अनीता शर्मा, ऋषिकेश मेयर अनीता मंगाई आदि मौजूद रहे।
अखाड़ा परिषद स्मृति में बनाएगा शहीद सैन्य धाम
श्रीपंच दशनाम जूना अखाड़े की देशभर की शाखाओं एवं मठों में देश के पहले सीडीएस बिपिन रावत, उनकी पत्नी एवं अन्य सैन्य अधिकारियों के आकस्मिक निधन पर उनकी आत्माओं की शांति के लिए विशेष श्रद्वांजलि सभा एवं शांति यज्ञ आयोजित हुए। हरिद्वार में अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद अध्यक्ष एवं निरंजनी अखाड़ा सचिव श्रीमहंत रविन्द्रपुरी और महामंत्री श्रीमहंत हरिगिरी ने कहा कि अखाड़े एवं संत समाज मिलकर जनरल बिपिन रावत की स्मृति में भव्य शहीद धाम बनाएंगे। जो उत्तराखंड का पांचवां धाम बनेगा।

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