200 से अधिक आयुष्मान आरोग्य मंदिरों पर ताले, 25 दिन से हड़ताल पर सीएचओ

मेरठ में ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित, रोजाना करीब 20 मरीज प्रति केंद्र परेशान; इलाज के लिए सीएचसी-पीएचसी के चक्कर लगाने को मजबूर

मेरठ। जिले में सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों (सीएचओ) की करीब 25 दिन से चल रही हड़ताल के कारण ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। 200 से अधिक आयुष्मान आरोग्य मंदिरों पर नियमित सेवाएं बाधित हैं। कई केंद्रों पर सीएचओ के नहीं पहुंचने से ताले लटके हैं। ऐसे में मरीजों को इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) जाना पड़ रहा है।

एसोसिएशन ऑफ कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर्स उत्तर प्रदेश के मेरठ जिलाध्यक्ष हेमराज कुमार के मुताबिक, एक आयुष्मान आरोग्य मंदिर पर रोजाना करीब 20 मरीज पहुंचते हैं। हड़ताल के कारण उन्हें नियमित सेवाएं नहीं मिल पा रही हैं। इसका सबसे अधिक असर ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले मरीजों पर पड़ रहा है।

नियमित करने का आश्वासन पूरा नहीं होने पर आंदोलन

सीएचओ अपनी मांगों को लेकर लखनऊ के इको गार्डन में अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हैं। हेमराज कुमार ने बताया कि वर्ष 2024 में आंदोलन के दौरान सरकार ने सीएचओ का कैडर बनाने और नियमित करने का आश्वासन दिया था। संगठन का आरोप है कि करीब दो साल बीतने के बाद भी इस दिशा में ठोस कार्रवाई नहीं हुई।

सीएचओ का कहना है कि वे ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाएं देने के साथ सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं को लोगों तक पहुंचाने की जिम्मेदारी भी निभाते हैं। इसके बावजूद उनकी मांगों पर निर्णय नहीं लिया गया। संगठन ने स्पष्ट किया है कि मांगों पर ठोस कार्रवाई होने तक आंदोलन जारी रहेगा।

No comments:

Post a Comment

Popular Posts