प्रत्येक जन जागरूक होगा तभी टीबी का उन्मूलन संभव- डीटीओ
आयुष चिकित्सकों की कार्यशाला का आयोजन
मेरठ। राष्ट्रीय क्षयरोग उन्मूलन कार्यक्रम के अंतर्गत आयुष चिकित्सकों की कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यशाला जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. विपुल कुमार की अध्यक्षता में किया गया ।
कार्यशाला जिला पीपीएम कोऑर्डिनेटर शबाना बेगम एवं डीपीसी नेहा सक्सैना व जिला एसटीएस अजय सक्सेना के सशक्त मार्गदर्शन एवं सहयोग से संपन्न हुई। डॉ विपुल कुमार जिला क्षयरोग अधिकारी महोदय के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य आयुष चिकित्सकों के साथ समन्वय को सुदृढ़ करना तथा समयबद्ध जांच, शीघ्र निदान एवं रोगियों को प्रभावी सहायता प्रदान करने हेतु रेफरल प्रणाली को और अधिक मजबूत बनाना रहा।इस अवसर पर आयुष चिकित्सकों को अधिक से अधिक टीबी संदिग्ध मामलों के रेफरल हेतु प्रेरित एवं संवेदनशील किया गया, जिससे शीघ्र जांच एवं उपचार के माध्यम से रोगियों को समय पर आवश्यक सहयोग एवं लाभ प्रदान किया जा सके।
कार्यशाला का प्रभावी पर्यवेक्षण एवं संचालन डॉ. आसिफ, अंजुला व अजीत सिंह (जिला समन्वयक) द्वारा किया गया। उनकी सक्रिय भूमिका एवं कुशल मार्गदर्शन से कार्यक्रम का सुव्यवस्थित एवं सफल क्रियान्वयन सुनिश्चित हुआ। कार्यक्रम में नीमा अध्यक्ष डॉ. नागेंद्र की गरिमामयी उपस्थिति भी रही। उनकी सहभागिता ने आयुष चिकित्सकों को प्रोत्साहित किया तथा स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका को और अधिक मजबूती प्रदान की।
जिला नेतृत्व (DTO, PPM एवं DPC) तथा पर्यवेक्षण टीम के सामूहिक प्रयासों से यह कार्यशाला अत्यंत सफल रही और इससे जिला स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं को सशक्त बनाने में आयुष चिकित्सकों की भागीदारी के महत्व को पुनः रेखांकित किया गया। अंत में जिला पीपीएम कोऑर्डिनेटर श्रीमती शबाना बेगम द्वारा कम्युनिटी इंगेजमेंट पर जोर दिया गया जिसमें कार्यशाला में आए चिकित्सकों से टीवी का प्रचार प्रसार में सहयोगकरने की अपील की गई क्योंकि प्रचार प्रसार के माध्यम से जन जागरूकता में बढ़ोतरी होती है और प्रत्येक जन जागरूक होगा तभी टीबी का उन्मूलन संभव है


No comments:
Post a Comment