23 वें अखिल भारतीय विज्ञान मेले का समापन

 विज्ञान मेले  में ओवरआल चैम्पियनशिप में उत्तर क्षेत्र विजयी रहा

मेरठ। शास्त्रीनगर स्थित बालेराम ब्रजभूषण सरस्वती शिशु मंदिर  में चल रहे 23 वें अखिल भारतीय विज्ञान मेले का समापन धूमधाम से किया गया।  ओवरआल चैम्पियनशिप में उत्तर क्षेत्र विजयी रहा। 

मुख्य अतिथि कैंट विधायक  अमित अग्रवाल (विधायक मेरठ कैन्ट), कार्यक्रम अध्यक्ष  मयक गोयल (प्रति कुलपति, आई.एम.एम.टी.), विशिष्ट अतिथि  गोविन्द महत (अखिल भारतीय संगठन मंत्री, विद्या भारती) ने माँ सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित करके किया। 

विद्यालय की छात्राओं ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत की। वृत्त निवेदन नगेन्द्र कुमार पाण्डेय  ने प्रस्तुत किया जिसमें उन्होंने विज्ञान मेले की सम्पूर्ण गतिविधयों का परिचय कराया। उन्होंने बताया कि इस विज्ञान मेले में 19 क्षेत्रीय अधिकारी भी उपस्थित रहे। विद्‌या भारती के राष्ट्रीय मंत्री  कमल किशोर सिन्हा एवं स्थानीय क्षेत्र के क्षेत्रीय संगठन मंत्री आदरणीय डोनेश्वर साहू  विशेष तौर पर प्रबंधन में हम सबका मार्गदर्शन करते रहे। 

 कार्यक्रम को सुचारू ढंग से संपन्न करवाने के लिए 112 निणांगकों की शिन्न भिन्न प्रतियोगिताओं की जजमेंट में सराहनीय भूमिका रही। विज्ञान मेले के प्रबंधन एवं व्यवस्था में 2.30 कर्मठ कार्यक्तौ लगे हुए थे। 136 संरक्षक आचार्यों के नेतृत्व एवं मार्गदर्शन में कुल 473 प्रतिभागियों ने इस विज्ञान मेले में प्रतिभागिता की। क्षेत्रीय संयोजक एवं सह संयोजको की कोर टीम ने मेले की भिन्न-भिन्न प्रतियोगिताओं में बड़ी जिम्मेवारी के साथ इस मेले को सफल बनाने में अपना अहम योगदान दिया। कार्यक्रम में देश भर से आये सभी बाल वैज्ञानिकों ने मरपूर आनन्द लिया। जिसमें मुख्य रूप से पर्यावरण संरक्षण, उर्जा नवीनीकरण कार्बन संबंधित प्रयोग, जैविक कचरे को उपयोगी बनाना, डिजीटल फयूल कैय प्रोजेक्ट, टायलेट में फलैश नहीं चलाएगें तो बंद हो जाएगा दरवाजा बायोनिक हैंड, एआई ट्रैश कैन्, सीप को दूर भगाने का अभिनव प्रयोग, ई०एम० व्हीकल स्टापर सिस्टम जैसे बहुत से अनूठे माडलों की प्रस्तुत कर सभी आये हुए प्रतिभागियों व अन्य अतिथियों ध्यान आकर्षित किया।

मुख्य अतिथि श्री गोविन्द महत ने कहा कि विज्ञान जीयन का आधार है इसके दिना जीवन असमय है। विज्ञान ने हमें बहुत ही रोचक व अतिविशिष्ठ सुविधायें उपलब्ध कराई है। जिनका उपयोग करके मानव जीवन उच्य से उच्चतम स्तर तक पहुँच गया है। वर्तमान में नये वैज्ञानिक प्रयोग जैसे ए.आई. और वर्चुअल रियलिटी मानव के अनूठे साथी दिखने लगे हैं। इन नए साथियों का मानव का एक सया सच्चा साथी भी कहा जा सकता है परन्तु साथ ही साथ सुरक्षा का भी ध्यान देना है। हर व्यक्ति में एक वैज्ञानिक छिपा होता है। वह किसी न किसी वैज्ञानिक प्रतिभा का धनी होता है. आवश्यकता है मात्र उसे परखने की और जीवन में प्रभावी रूप से लागू करने की। हम सभी बाल वैज्ञानिकों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हैं। विज्ञान मेले में ओवरआल चैम्पियनशिप का प्रथम पुरस्कार उत्तर क्षेत्र द्वितीय पुरस्कार पश्चिम उत्तर प्रदेश व तृतीय पुरस्कार पूर्वी उत्तर प्रदेश ने प्राप्त किया।

मुख्य अतिथि अमित अग्रवाल ने प्रतिभागियों को पढ़ाई के साथ-साथ वैज्ञानिक गतिविधियों में बढ़ चढ़कर भाग लेने के लिये प्रेरित किया और सभी को नये नये प्रयोगों को भी दैनिक जीवन में करने की सलाह दी।

कार्यक्रम अध्यक्ष श्री मयंक अग्रवाल ने कहा कि विज्ञान केवल गन्तव्य ही नहीं बल्कि निरन्तर खोज है। आधुनिक समय में ए. आई. के महत्व को समझाया। उन्होंने विज्ञान मेले की प्रशंसा करते हुए विद्यार्थियों को अपने वैज्ञानिक कौशल का विकास कर समाज व देश की प्रगति में योगदान करने के लिये प्रेरित किया।

कार्यक्रम का संचालन जगवीर शर्मा (सम्भाग निरीक्षक) ने किया। इस अवसर पर  गोविन्द महन्त (अखिल भारतीय संगठन मंत्री, विद्या भारती),  रविन्द्र कान्हरे (राष्ट्रीय अध्यक्ष, विद्या भारती), कमल किशोर सिन्हा (अखिल भारतीय मंत्री, विद्या भारती), प्रान्तीय संगठन मंत्री  प्रदीप गुप्ता, प्रबन्ध समिति के पदाधिकारी  मनमोहन गुप्ता, डा. विनोद कुमार अग्रवाल डा. आशीष अग्रवाल, डा. सुधांशु अग्रवाल, अरूण जिंदल, सीमा गोयल, गीता अग्रवाल, सीमा श्रीवास्तव आदि उपस्थित रहे।

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