मेरठ।मुख्यधारा में जुड़ेंगे सामाजिक दूरी का दंश झेल रहे किन्नर शामली, किन्नरों के अधिकारों के संरक्षण के लिए अब प्रमाण पत्र जारी होंगे। इसके साथ ही उन्हें आइडी कार्ड भी जारी किए जाएंगे। कार्ड व प्रमाण पत्र मिलने के बाद किन्नरों को नियमानुसार विभिन्न योजनाओं का लाभ भी मिल सकेगा। संयुक्त सचिव भारत सरकार बी. राधिका ने इस बाबत निर्देश जारी किए है। इसके उपरांत जिले में किन्नरों के आनलाइन आवदेन कराने को लेकर कवायद शुरू करा दी गई है।किन्नरों के अधिकार दिलाने के लिए केंद्र सरकार गंभीर है। यहीं वजह है कि संयुक्त सचिव भारत सरकार सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय एवं सामाजिक न्याय और अधिकारिता विभाग ने समाज में रहने वाले उभयलिंगी (किन्नर) व्यक्तियों के अधिकारों के संरक्षण के लिए प्रमाण-पत्र जारी करने एवं आईडी कार्ड बनाने के लिए निर्देश जारी किए है। जिला समाज कल्याण अधिकारी रचना शर्मा ने बताया कि इसके तहत कोई भी किन्नर व्यक्ति वेबसाइट ट्रांसजेंडर डाट डीओएसजेई डाट गर्वनमेंट डाट इन पर आनलाइन आवेदन कर सकता है। इसके लिए फोटो, आधार कार्ड एवं अन्य आवश्यक अभिलेख अपलोड किए जाएगे। उन्होंने बताया कि इसके उपरांत जिलाधिकारी के माध्यम से ट्रांसजेंडर पहचान पत्र एवं प्रमाण पत्र जारी कर दिए जाएंगे। जिले के सभी ट्रांसजेंडरों (उभयलिंगियों) को इस वेबसाइट पर अपने आवेदन करा दे ताकि उन्हे प्रमाण पत्र तथा पहचान पत्र जारी किए जा सके। मुख्यधारा में जुड़ेंगे सामाजिक दूरी का दंश झेल रहे किन्नर केंद्र सरकार की प्रमाण पत्र जारी होने की इस योजना के उपरांत किन्नर मुख्यधारा में जुड़ सकेंगे। फिलहाल कई ट्रांसजेंडर उभयलिंगी जो वर्षों से जिले में रह रही हैं, लेकिन पहचान पत्र न होने के कारण सामाजिक दूरी का दंश झेल रहे हैं। शादी ब्याह और खुशी के मौके पर शगुन मांग कर अपना जीवन चला रहे ऐसे किन्नरों को मुख्यधारा से जुड़कर समाज में उनके प्रति सोच बदलने की यह नवीन पहल होगी। जिले में प्रमाण पत्र व आइडी कार्ड जारी करने के लिए डीएम जसजीत कौर ने जरूरी दिशा निर्देश जारी किए है।
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