कोर्ट में जाने की तैयारी में जुटे लोग
 ग्रामीण क्षेत्र में आरक्षण सूची को लेकर विरोध


मेरठ ।हाईकोर्ट के आदेश के तहत शासन की गाइडलाइन के आधार पर प्रशासन और पंचायती राज विभाग ने मेरठ में त्रिस्तरीय पंचायतों के आरक्षण को अंतिम रूप दे दिया। जिला पंचायत और ग्राम पंचायतों के आरक्षण में भारी उलटफेर हो गया है। शनिवार को जिले के सभी ब्ल्ॉाक की आरक्षण सूची को प्रशासन की ओर से जारी कर दिया गया है। नयी आरक्षण सूची से भारी फेरबदल किया गया है। जिसको लेकर ग्रामीण क्षेत्र में काफी आक्रेाश है । कुछ लोग आरक्षण सूची को हाईकोर्ट जाने की तैयारी मेंं जुट गये है। 
  शनिवार को पंचायती राज अधिकारी आलोक सिन्हा द्वाराजिलधिकारी के हस्ताक्षर के बाद  जिले के 12 ब्लाँक की सूची जारी कर दी गयी है। विकास खंड मेरठ में 21 ग्राम पंचायत  के लिये ग्राम प्रधान के लिये दो पद अनुसूचित जाति महिला के लिये 4 पद पुरूष के लिये अन्य पिछडा वर्ग महिला के लिये दो पुरूष के 4  अनारक्षित महिला के 3  व 15 पुरूष के लिये रखे गये है। जानी खुर्द ब्लॉक में 44 प्रधानों के लिये अनुसूचित जाति महिला के लिये 4पुरूष के 7पिछला वर्ग में महिला के लिये 4 पुरूष के लिये 7 अनारक्षित वर्ग मे महिला के लिये 7 व 15 पुरूष के लिये आरक्षित किये गये है।  रजपुरा ब्लॉक में 45 ग्राम प्रधानो के पद के लिये एसी महिला के लिये 4 जबकि पुरूष के 7 आरक्षित किये गये है। पिछडा वर्ग में महिला के लिये 4 पुरूष के लिये 7 अनारक्षित वर्ग में महिला के लिये 7 पुरूष के 15 पद आरक्षित किये गये है। खरखौदा ब्लॉक में 30 प्रधानों के लिये एससी वर्ग  में महिला के लिये 2 पुरूष वर्ग के लिये 3 पिछडा वर्ग में महिला के लिये तीन व पुरूष वर्ग के लिये पांच जब अनारक्षित वर्ग में महिला के 8 पुरूष वर्ग के 12 पद आरक्षित किये गये है। रोहटा ब्लॉक में एससी में महिला वर्ग के लिये 4 पुरूष वर्ग के लिये 6 पुरूषो के लिये पिछडा वर्ग में महिला के लिये 4 व पुरूषों के लिये 6 सामान्य वर्ग में महिला के लिये 9 पुरूष वर्ग के 14 सीट आरक्षित की गयी है। सरधना ब्लॉक में 30 प्रधानो के लिये अनुसूचित जाति में महिला के लिये 2 पु्रूष के लिये 4 पिछडा वर्ग में महिला के लिये 4 पुरूषों के 6 पद समान्य श्रेणी में महिलाओ के लिये 7 व पुरूषों के लिये 16 पद आरक्षित किये गये है। ब्लॉक सरूरपुर खुर्द में 27 ग्राम प्रधानों में से एक सीट अनुसूचित जाति महिला के लिये दो पुरूषों के लिये पिछडा वर्ग में तीन सीट महिला चार सीट पुरूषों के लिये जबकि सामन्य वर्ग में 5 सीट महिलाओ व 12 सीटे पुरूषों के लिये आरक्षित की गयी है।  दौराला ब्लॉक में 45सीटों में अनुसूचित जाति महिला वर्ग के लिये 4 पुरूष के लिये 7 सीटे, पिछडा वर्ग में महिलाओं के पांच पुरूषों के लिये 8 सामान्य वर्ग में महिला के लिये 8 पुरूष वर्ग के लिये 15 सीटें आरक्षित की गयी है।  मवाना ब्लॉक में 47 पदों में अनुसूचित जाति में महिला वर्ग में 8 पुरूष के लिये 12 पिछडे वर्ग में महिला के लिये 5 पुरूष वर्ग के लिये 8 जबकि सामान्य वर्ग में महिला के लिये 7 व पुुरूषों के लिये 15 पद आरक्षित किये गये है। माछरा ब्लॉक में 42 ग्राम पदो के लिये अनुसूचित जाति महिला के लिये 4 पुरू षों के लिये 7 पिछडा वर्ग में महिला के लिये 4 व पुरूषों के लिये 7 पद आरक्षित किये गये है। जब कि सामान्य जाति में महिला वर्ग के लिये 7 पुरूषों के लिये 17 पद आरक्षित किये गये है।परीक्षित गढ ब्लॉक में 54 अनुसूचित जाति के लिये 4 पुरूष के लिये 7 पिछडा वर्ग में महिला के लिये 5 पुरूषों के लिये 9 पद सामान्य वर्ग में महिला के लिये 9 व पुरूषों के लिये 20 पद व हस्तिनापुर ब्लॉक में 46 ग्राम प्रधान पदों के लिये एससी कोटे में महिला वर्ग के लिये 4 पुरूष वर्ग के लिये 8 पिछडा वर्ग में महिला के लिये 4 व पुरूष के लिये 8 व सामान्य जाति में महिला वर्ग के लिये 8 व पुरूष वर्ग के लिये 14 पद आरक्षित किये गये है। 
  आरक्षण सूची जारी होने से चुनाव की तैयारी में उतरने वाली प्रत्याशियों का गणित गडबडाया
 शनिवार को प्रशासन द्वारा जारी की गयी सूची के बाद आरक्षण में काफी फेरबदल किया गया है। ग्रामीणों में इस बात को लेकर खासा आक्रोश दिखाई दे रहा है। शनिवार को आरक्षण सूची जारी होने के बाद संभावित ग्राम प्रधान सीडीओ कार्यालय में पहुंचे जहां आरक्षण सूची को देखकर हवाईया उडती दिखाई दी। तो कई सूची देकर काफी खुश नजर आये। वही काफी गांवो में चुनाव की तैयारी में जुटे संभावित प्रत्याशियों की उम्मीद पर पानी फिर गया है।
 
   शासन के दबाव में किया गया फेरबदल ?
  त्रिस्तरीय पंचायती चुनाव में की आरक्षण जारी होने के बाद इसका विरोध शुरू हो गया है। विरोधी दलों संभावित प्रत्याशियों का  कहना है कि शासन के दबाव के चलते आरक्षण सूची में फेरबदल किया गया है। जिससे चुनाव में इसका लाभ भाजपा को मिल सके।
 कोर्ट जाने की तैयारी में जुटे संभावित प्रत्याशी
 शनिवार को आरक्षण सूची जानकारी होने के बाद से इसका विरोध आरंभ हो गया है। सूत्रों की माने तो कुछ संभावित प्रत्याशी जो चुनाव मैदान में उतरने वाले थे। आरक्षण सूची जारी होने के बाद उनकी मेहनत पर पानी फिर गया है। ऐसे में वह कोर्ट जाने की तैयारी में जुट गये है। उन्होने अपने अधिवक्ताओं से सम्पर्क साधना आरंभ कर दिया है।
   बोले अधिकारी
  पंचायती चुनाव के लिये ग्राम प्रधान की सूची 2015 के चक्रानुसार जारी किया गया है। इसमें हर प्रकार से जांच पडताल करने के बाद जारी किया गया है।
     आलोक सिन्हा - जिला पंचायत राज अधिकारी

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