राम मंदिर चढ़ाव चोरी की एसआईटी रिपोर्ट सार्वजनिक हुई
एसआईटी ने कहा चूकों से लगती रही सेंध, 6 चोर तो सीधे तौर पर सीसीटीवी में कैद हुए है
अयोध्या। राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी वाले प्रकरण में सोमवार का दिन बेहद अहम रहा एक तरफ ट्रस्ट की बैठक में चंपत राय और अनिल मिश्रा के इस्तीफों को स्वीकार कर लिया गया तो वहीं SIT की रिपोर्ट भी सोमवार को सार्वजनिक तौर पर सामने आ गई।
इस रिपोर्ट में कई चीजों पर विस्तार से बात की गई है। रिपोर्ट में माना गया है कि पुलिस की गिरफ्त में आए 8 लोगों की भूमिका संदिग्ध थी. इसके अलावा इनमें से 6 लोगों को तो सीसीटीवी फुटेज में ही चढ़ावे में हेराफेरी करते पाया गया। ये लोग हैं- लवकुश मिश्रा, अविनाश शुक्ला, अनुकल्प मिश्रा, मनीष कुमार यादव, करुणेश पांडेय और रमाशंकर मिश्रा। रिपोर्ट में स्पष्ट तौर पर कहा गया है कि इन लोगों के संबंध में सीसीटीवी फुटेज, बरामदगी और वित्तीय लेन-देन से जुड़े दस्तावेज मौजूद हैं। इससे इनकी संलिप्तता सामने आई है। यही नहीं रिपोर्ट में पूरी प्रक्रिया में ही खामी पाई गई है। एसआईटी ने अपनी रिपोर्ट में कुल 9 ऐसी चीजों के बारे में बताया है, जिनका पालन करने से इस चोरी को रोका जा सकता था।
रिपोर्ट में कहा गया कि गणना कक्ष में जाने वाले लोगों की निगरानी की सही व्यवस्था नहीं थी और इससे चोरी के हालात पैदा हुए। इन लोगों की नीयत खराब हुई और फिर वे लगातार ही रामलला के खजाने में सेंध लगाने लगे।
ये पायी गयी खामियां
1. एंट्री और एग्जिट पर तलाशी की व्यवस्था नहीं की गई.
2. निर्धारित जेब रहित वेशभूषा का नियम लागू नहीं हुआ.
3. निजी वस्तुएं साथ रखने पर प्रतिबंध लागू नहीं हुआ.
4. हुंडीवार गणना नहीं की गई.
5. विभिन्न हुंडियों की राशि मिश्रित की गई.
6. मूल्यवर्गवार अभिलेख, वाउचर एवं प्रमाण-पत्र तैयार नहीं किए गए.
7. बायोमीट्रिक उपस्थिति प्रभावी रूप से लागू नहीं की गई. इससे कोई भी कभी कहीं भी आ जा रहा था.
8. गणना कक्ष में खाद्य पदार्थ एवं पेय पदार्थों पर प्रतिबंध का पालन नहीं हुआ.
9. सीसीटीवी निगरानी का उपयोग सही से नहीं किया गया. ऐसा होता तो गलती पहले भी पकड़ी जा सकती थी.


No comments:
Post a Comment