27वें कारगिल विजय दिवस पर शहीदों को श्रद्धांजलि, वीर सैनिक होंगे सम्मानित
सुभारती विश्वविद्यालय में राष्ट्रभक्ति और शौर्य का दिखेगा अद्भुत संगम
मेरठ। कारगिल विजय दिवस की 27वीं वर्षगांठ के अवसर पर सुभारती डिफेंस एकेडमी एवं शहीद स्मारक एवं उपवन क्लब के संयुक्त तत्वावधान में 27 जुलाई 2026 को कारगिल विजय दिवस सम्मान समारोह का आयोजन किया जाएगा। समारोह में कारगिल युद्ध के अमर शहीदों के अदम्य साहस, वीरता और सर्वोच्च बलिदान को श्रद्धापूर्वक नमन करने के साथ राष्ट्रसेवा के लिए समर्पित वीर सैनिकों एवं विशिष्ट नागरिकों को सम्मानित किया जाएगा।
कार्यक्रम का शुभारंभ सुबह 9:30 बजे स्वामी विवेकानंद सुभारती विश्वविद्यालय स्थित कारगिल शहीद स्मृति उपवन में शहीदों को श्रद्धांजलि एवं पुष्पांजलि अर्पित कर होगा। इसके बाद सुबह 10 बजे सत्यजीत रे प्रेक्षागृह में सम्मान समारोह आयोजित किया जाएगा। इसमें कारगिल युद्ध के वीर सैनिकों, पूर्व सैनिकों और राष्ट्रसेवा में उल्लेखनीय योगदान देने वाले विशिष्ट व्यक्तित्वों को सम्मानित किया जाएगा। समारोह में देशभक्ति से ओत-प्रोत सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से युवाओं में राष्ट्रप्रेम, कर्तव्यनिष्ठा और देशसेवा की भावना जागृत करने का प्रयास किया जाएगा।
सुभारती विश्वविद्यालय की मुख्य कार्यकारी अधिकारी प्रो. (डॉ.) शल्या राज ने कहा कि कारगिल के वीर सपूतों का शौर्य, त्याग और राष्ट्र के प्रति समर्पण सभी के लिए प्रेरणा का अमिट स्रोत है। उनका सर्वोच्च बलिदान राष्ट्र की एकता, अखंडता और सुरक्षा के प्रति हमारे दायित्वों का निरंतर स्मरण कराता है। उन्होंने कहा कि सुभारती विश्वविद्यालय राष्ट्रप्रेम, अनुशासन और सेवा के संस्कारों को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। कारगिल विजय दिवस केवल ऐतिहासिक विजय का स्मरण नहीं, बल्कि अमर वीरों के प्रति राष्ट्र की कृतज्ञता व्यक्त करने का पावन अवसर भी है।
वहीं, शहीद स्मारक एवं उपवन के अध्यक्ष डॉ. रोहित रविंद्र ने कहा कि कारगिल विजय दिवस भारतीय सैनिकों के अदम्य साहस, अटूट संकल्प और राष्ट्र के प्रति सर्वोच्च समर्पण का गौरवपूर्ण प्रतीक है। कारगिल के रणबांकुरों ने विषम परिस्थितियों में अद्वितीय वीरता का परिचय देकर देश का मस्तक विश्व पटल पर गर्व से ऊंचा किया। उनका बलिदान आने वाली पीढ़ियों के लिए राष्ट्रभक्ति, कर्तव्यनिष्ठा और त्याग की अमूल्य प्रेरणा है। प्रत्येक युवा को इन वीरों के जीवन से प्रेरणा लेकर राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखने का संकल्प लेना चाहिए।
आयोजकों ने नागरिकों, विद्यार्थियों, पूर्व सैनिकों एवं गणमान्यजनों से समारोह में अधिकाधिक संख्या में उपस्थित होकर कारगिल के अमर शहीदों को श्रद्धासुमन अर्पित करने और उनके अद्वितीय पराक्रम एवं बलिदान को नमन करने की अपील की है।


No comments:
Post a Comment