BJP और कांग्रेस के बैंक बैलेंस में भारी अंतर
अजय माकन ने राज्यसभा में किए चौंकाने वाले खुलासे
नई दिल्ली। राज्यसभा में गुरुवार को कांग्रेस सांसद अजय माकन ने वित्तीय असमानता और चुनावी तैयारियों को लेकर जोरदार आरोप लगाए। माकन ने कहा कि जीवंत लोकतंत्र में तीन बुनियादी शर्तें—समान अवसर, पारदर्शिता और विश्वसनीयता—महत्वपूर्ण हैं, लेकिन एनडीए सरकार इन मानकों पर खरी नहीं उतरती।
बैंक बैलेंस में अंतर
माकन ने कांग्रेस और बीजेपी के बैंक बैलेंस का आंकड़ा साझा करते हुए कहा कि 2004 से 2014 तक कांग्रेस और बीजेपी का आय-व्यय अनुपात लगभग 60:40 था, लेकिन 2019 में यह अनुपात पूरी तरह बदल गया और 8:92 हो गया। उन्होंने कहा कि 2004 से 2024 के बीच कांग्रेस और बीजेपी के वित्तीय संसाधनों में भारी अंतर पैदा हो गया है।
माकन के अनुसार पार्टी बैंक बैलेंस:
वर्ष कांग्रेस (₹ करोड़) बीजेपी (₹ करोड़)
2004 38.48 87.96
2009 221 150
2014 390 295
2019 315 3,562
2024 133.97 10,107.2
माकन ने कहा कि इस वित्तीय असमानता के कारण कांग्रेस चुनावों की तैयारी कठिनाई से कर रही है।
कांग्रेस पर नोटिस और चुनाव से पहले धनविहीन करने का आरोप
अजय माकन ने बताया कि 2024 के चुनाव की घोषणा 16 मार्च को हुई, लेकिन 13 फरवरी को कांग्रेस के खाते सील कर दिए गए। आयकर विभाग ने पार्टी को 210 करोड़ रुपए का नोटिस दिया और 133 करोड़ रुपए काट लिए गए। माकन ने आरोप लगाया कि सरकार ईडी और आयकर विभाग का इस्तेमाल विपक्षी पार्टी को चुनाव से पहले कमजोर करने के लिए कर रही है।
चंदा देने से डरते हैं उद्योगपति
माकन ने दावा किया कि बड़े उद्योगपति अब कांग्रेस को चंदा देने से डरते हैं क्योंकि ऐसा करने पर उनके खिलाफ ईडी और आयकर विभाग कार्रवाई कर सकता है। उन्होंने कहा कि सत्ताधारी पार्टी के पास विपक्ष के मुकाबले 75 गुना अधिक धन होने की स्थिति में लोकतंत्र खतरे में पड़ सकता है।
चुनाव आयोग और हाईकोर्ट पर सवाल
माकन ने चुनाव आयोग की विश्वसनीयता पर भी सवाल उठाए। उन्होंने हरियाणा चुनाव और कर्नाटक के अलंग विधानसभा क्षेत्र के आंकड़ों का हवाला देते हुए आरोप लगाया कि आयोग पारदर्शिता बनाए रखने में विफल रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार संवैधानिक संस्थाओं का अपने लाभ के लिए इस्तेमाल कर रही है।
इस पूरे बयान में माकन ने बीजेपी पर वित्तीय अधिशेष और प्रशासनिक ताकत का चुनावी लाभ उठाने के लिए विपक्ष को कमजोर करने का आरोप लगाया।


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