...ताकि बढ़ती उम्र में भी चुस्त-दुरुस्त रहे शरीर
40 साल की उम्र के बाद महिलाओं की मांसपेशियां कमजोर होने लगती हैं। अगर आप भी इस उम्र में कदम रखने जा रही हैं तो डाइट में बदलाव लाने जरूरी हैं। ऐसा करना न केवल आपको शारीरिक बल्कि मानसिक रूप से भी स्वस्थ रखेगा। विशेषज्ञों के अनुसार, किसी भी डाइट प्लान में आहार आपकी मेडिकल कंडीशन पर आधारित होता है। कैलोरी आवश्यकताओं और पोषक तत्वों की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया जाता है। उन महिलाओं के लिए डाइट चार्ट कैसा होना चाहिए, जानिये इसके बारे में।
बदलाव क्यों चाहिये
भारत में महिलाएं पति, परिवार और बच्चों का जितना ध्यान रखती हैं, उसका एक प्रतिशत अपना ध्यान रखने की फुर्सत उन्हें नहीं मिलती। शुरुआत में तो इसका असर शरीर पर दिखाई नहीं देता, लेकिन 40 की उम्र पार करने के बाद शरीर काफी कमजोर हो जाता है। तब इस बात का अहसास होता है कि तब खुद पर ध्यान क्यों नहीं दिया। इस उम्र में महिलाओं को मेनोपॉज़ जैसी कई शारीरिक समस्याओं का सामना करना पड़ता है। उनका मेटाबॉलिज्म स्लो हो जाता है, बुढ़ापे का अहसास होने लगता है और कई बीमारियों भी उन्हें घेर लेती हैं। इन समस्याओं से राहत पाने के लिए ही महिलाओं को 40 के बाद अपनी डाइट में बदलाव करने की जरूरत पड़ती है। उनके लिए डाइट ऐसी होनी चाहिए, जिसमें भरपूर मात्रा में कैल्शियम, आयरन, प्रोटीन, फाइबर आदि शामिल हों। इससे बढ़ती उम्र के साथ कमजोर हो रही मांसपेशियों को मजबूती मिलेगी वहीं रोग प्रतिरोधक क्षमता में भी सुधार होगा।
कैसी हो खुराक
40 की उम्र के बाद महिलाओं को सॉलिड शुगर और फैट आहार में शामिल करना चाहिए। इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिसिन 40 की उम्र में महिलाओं को कार्ब से 45-65 प्रतिशत कैलोरी और वसा से 20-35 प्रतिशत प्राप्त करने की सलाह देता है। जो 1500 कैलोरी खाने पर दिन में 169 से 244 ग्राम कार्ब और 33 से 58 ग्राम वसा के बराबर होती है।
अनाज और दूध
ठोस कार्ब्स में साबुत अनाज, सब्जियां, मेवे, बीज, दूध, दही को चुनें और वसा में मछली, मेवे, बीज, एवोकैडो और जैतून का सेवन करें। 40 की उम्र के आसपास महिलाओं के लिए साबुत अनाज एक बढ़िया विकल्प है। यह बढ़ते हुए रक्तचाप और स्लो मेटाबॉलिज्म को कंट्रोल करने में मदद करता है। अनाज में सफेद ब्रेड और सफेद चावल को खाने से शरीर में अधिक फाइबर प्राप्त करने में मदद मिलेगी। आहार में फाइबर शामिल करने से वजन बढ़ने से रोकने में मदद मिलती है। अध्ययनों से पता चला है, कि साबुत अनाज शरीर में पोटेशियम बनाए रखने में मदद करते हैं।
फाइबर के फायदे
महिलाओं के लिए फाइबर का सेवन करना बहुत जरूरी है। इसे आप सलाद के रूप में ले सकते हैं। पालक, गाजर, खीरा, टमाटर, मूली, किशमिश, संतरे और स्ट्रॉबरी खाने से ज्यादा पोषण मिलता है। ये सभी पोषक तत्व फाइबर, पोटेशियम, एंटीऑक्सीडेंट और विटामिन सी प्रदान करते हैं। यह त्वचा को टाइट रखने और यूवी किरणों से बचाने में भी मदद करते हैं।
प्रोटीन करें शामिल
उम्र का यह पड़ाव पार करते ही महिलाओं को प्रोटीन युक्त आहार भी लेना चाहिए। हर दिन 46 ग्राम प्रोटीन युक्त आहार लेने से उम्र के साथ हो रहे बदलाव से लड़ने में मदद मिलती है। एग व्हाइट, सोया आइटम, मेवे, बीज व सब्जियां प्रोटीन युक्त आहार हैं।


No comments:
Post a Comment