ज्ञानवापी मस्जिद में 'वजू' के लिए होगी वैकल्पिक व्यवस्था!
सुप्रीम कोर्ट का अधिकारियों को हल निकालने का निर्देशनई दिल्ली (एजेंसी)। ज्ञानवापी मस्जिद क्षेत्र में 'वजू' (हाथ-पैर धोना) करने को लेकर हल निकालने के लिए सुप्रीम कोर्ट ने एक नया आदेश दिया है। कोर्ट ने वाराणसी के जिला अधिकारियों से रमजान के दौरान ज्ञानवापी मस्जिद क्षेत्र में वजू की वैकल्पिक व्यवस्था के लिए एक अनुकूल समाधान निकालने को 18 अप्रैल को एक बैठक बुलाने के लिए कहा है।
वाराणसी की ज्ञानवापी मस्जिद में रमजान के दौरान नमाज़ियों को वजू में हो रही दिक्कत का मामले पर सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को सुनवाई के लिए सूचीबद्ध कर दिया है। मस्जिद कमेटी के वकील हुजैफा अहमदी कहा कि वजूखाना सुप्रीमकोर्ट के आदेश पर बंद है। फिलहाल मोबाइल वाशरूम की व्यवस्था कर दी जाए।
सुनवाई के दौरान सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि वजू करने की जगह विवादित है और वहां शिवलिंग होने की बात है, इसलिए यह मांग समस्या पैदा कर सकती है। उन्होंने कहा कि इसपर कलेक्टर और मस्जिद कमेटी फैसला ले सकती है।
सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि याचिकाकर्ता वजू के लिए सही जगह की मांग कर रहा है। उनकी इस समस्या का हल निकालने के लिए कल एक जरूरी बैठक कर कोई निर्णय लेना चाहिए। शीर्ष अदालत ने कहा कि अगर बैठक में कोई हल निकलता है या मोबाइल वाशरूम के लिए आपसी सहमति बनती है तो बिना हमारे अगले आदेश के इसे लागू दर दिया जाए।
ज्ञानवापी से जुड़े सात मामलों की होगी एक साथ सुनवाई
जिला जज की अदालत ने दिया आदेश
वाराणसी।
वाराणसी के बहुचर्चित ज्ञानवापी-मां श्रृंगार गौरी से जुड़े सभी सात मामलों को एक साथ सुनवाई किए जाने संबंधी आवेदन को जिला जज डॉ. अजय कृष्ण विश्वेश की अदालत ने स्वीकार कर लिया है। सोमवार को 19 पेज के विस्तृत आदेश में अदालत ने कहा कि संबंधित न्यायालयों में जो सातों मामले लंबित हैं, वहां से इन मामलों को जिला जज की अदालत में स्थानांतरित किया जाता है।
इनके स्थानांतरित होकर जिला जज की अदालत में आने पर इस बिंदु का निर्धारण किया जाएगा कि ये सभी वाद समेकित किया जाना सही होगा या नहीं।



No comments:
Post a Comment