मंडलायुक्त ने ऑक्सीजन सिलेंडर संग्रह-वितरण केंद्र का किया दौरा 


मेरठ, 11 मई 2021। मेरठ में मंडलायुक्त सुरेंद्र सिंह मंगलवार को नवभारत विद्यापीठ इंटर कालेज स्थित ऑक्सीजन सिलेंडर संग्रह-वितरण केंद्र का औचक निरीक्षण करने पहुंचे। केंद्र पर उन्हें 30 से ज्यादा खाली सिलेंडर जमा मिले। इसे लेकर उन्होंने नगर निगम और पीडब्ल्यूडी अधिकारियों से नाराजगी जताई। उन्होंने खाली सिलेंडर तत्काल गैस प्लांट रिफिलिंग के लिए भिजवाने का आदेश दिया। उन्होंने कहा कि गैस प्लांट पर कहीं भी ऑक्सीजन की किल्लत नहीं है। हर हाल में पांच घंटे के भीतर जरूरतमंदों को ऑक्सीजन से भरे सिलेंडर उपलब्ध हो जाने चाहिए। उन्होंने साथ मौजूद एसडीएम सदर को गैस प्लांट से समन्वय बनाकर यह व्यवस्था सुनिश्चित कराने के लिए निर्देशित किया।
बोले, सिलेंडर भरने के लिए क्यों नहीं भेजे
मंडलायुक्त सुरेंद्र सिंह मंगलवार को गैस प्लांट के निरीक्षण के लिए निकले थे, वह अचानक नवभारत विद्यापीठ इंटर कालेज परतापुर स्थित ऑक्सीजन सिलेंडर संग्रह-वितरण केंद्र पर पहुंच गए। केंद्र पर काफी लोग ऑक्सीजन के लिए खाली सिलेंडर लेकर काउंटर पर दस्तावेज जमा करा रहे थे। मंडलायुक्त को वहां केंद्र के नोडल अधिकारी नर सिंह राणा मिले। मंडलायुक्त को उन्होंने बताया कि सुबह 10 बजे से अभी तक लगभग 30 खाली सिलेंडर जमा हो चुके हैं। मंडलायुक्त ने पूछा कि खाली सिलेंडर गैस प्लांट भरने के लिए क्यों नहीं भेजे गए। केंद्र के नोडल अधिकारी ने बताया कि सुबह 10 बजे से शाम चार बजे तक खाली सिलेंडर जमा करने का निर्देश है। गैस प्लांट तक खाली सिलेंडर पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों को गैस प्लांट तक पहुंचाने हैं और वहां भरने के बाद फिर केंद्र में उन्हीं को सुपुर्द करना है। इसके बाद ही ऑक्सीजन भरे सिलेंडर का वितरण किया जाता है। इस प्रक्रिया में 24 घन्टे लग जाते हैं।
मंडलायुक्त ने जवाब तलब किया
मंडलायुक्त ने पूछा कि अगर कोई तीमारदार यह कहता है कि इमरजेंसी है, तब उसे ऑक्सीजन भरा सिलेंडर मुहैया कराने की क्या व्यवस्था है। इस पर केंद्र के नोडल अधिकारी ने कहा कि स्टॉक में एक भी ऑक्सीजन भरा सिलेंडर नहीं है। जिस पर मंडलायुक्त ने एसडीएम से कहा कि कम से कम 40 से 45 ऑक्सीजन भरे सिलेंडर स्टॉक करने की व्यवस्था होनी चाहिए। ताकि इमरजेंसी में तत्काल जरूरतमंद को ऑक्सीजन उपलब्ध कराई जा सके। 24 घन्टे ऑक्सीजन सिलेंडर मुहैया कराने की व्यवस्था ठीक नहीं है। एसडीएम से कहा कि गाजियाबाद से कुछ सिलेंडर उपलब्ध होने वाले हैं। उन्हें भरवाकर यहां स्टॉक किया जाए।
पांच घंटे में हर हाल में दें सिलेंडर
इसके साथ ही केंद्र के नोडल अधिकारी को निर्देश दिया कि जैसे ही 20 खाली सिलेंडर जमा हो जाएं। तत्काल उन्हें अग्रवाल गैस प्लांट भेजा जाए। हर हाल में तत्काल प्रभाव से पांच घन्टे के भीतर ऑक्सीजन से भरा सिलेंडर जरूरतमंद को उपलब्ध कराया जाए। मंडलायुक्त ने अपने सामने ही नगर निगम की गाड़ी मंगवाई और फौरन खाली सिलेंडर नगर निगम ने गैस प्लांट पहुंचाए।
मौके से नगर आयुक्त को किया फोन
मंडलायुक्त सुरेंद्र सिंह ने मौके से नगर आयुक्त मनीष बंसल को फोन किया। पांच घन्टे के भीतर खाली सिलेंडर जरूरतमंदों को मुहैया कराने की व्यवस्था बनाने के निर्देश दिए। दरअसल, नगर निगम का कोई भी प्रशासनिक अधिकारी मौके पर नहीं था, जिसे लेकर भी उन्होंने नाराजगी जाहिर की।
तीमारदार ने बताई आपबीती
मंडलायुक्त सुरेंद्र सिंह को तीमारदार राहुल ने बताया कि उसकी मां की हालत गम्भीर है। उसे ऑक्सीजन की जरूरत है। गणपति हास्पिटल में भर्ती के लिए सम्पर्क किया था, लेकिन ऑक्सीजन न होने की बात कहकर उन्हें भर्ती नहीं किया गया। मंडलायुक्त ने तीमारदार को जल्द से जल्द ऑक्सीजन भरा सिलेंडर उपलब्ध कराने का निर्देश केंद्र के नोडल अधिकारी को दिया। साथ ही एसडीएम सदर हास्पिटल से जानकारी लेने को कहा। नगर निगम अधिकारियों व कर्मचारियों से कहा कि एक रजिस्टर बनवाएं जिस पर यह अंकित करें कि कौन हास्पिटल हैं, जो ऑक्सीजन न होने की बात कह कर इन केंद्रों पर तीमारदार को भेज रहे हैं। ऐसे हास्पिटल के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।


No comments:

Post a Comment

Popular Posts