राखी पर बसों में सीट के लिए मची मारामारी, खिड़कियों से चढ़ीं सवारियां
भैंसाली और सोहराबगेट डिपो पर उमड़ी भीड़, जाम में फंसीं बहनें; दिनभर शहर की सुरक्षा-यातायात व्यवस्था पर नजर रखते रहे कप्तान
मेरठ। रक्षाबंधन पर घर जाने के लिए उमड़ी भीड़ के चलते शुक्रवार को मेरठ में रोडवेज बसों और सड़कों पर भारी दबाव रहा। भैंसाली और सोहराबगेट बस डिपो पर सुबह से ही यात्रियों की लंबी कतारें लग गईं। बस में सीट पाने के लिए सवारियों में आपाधापी मची रही। बसों में पैर रखने तक की जगह नहीं बची। कई यात्री दरवाजे से जगह नहीं मिलने पर खिड़कियों के रास्ते बसों में घुसते नजर आए।
रक्षाबंधन पर बहनें भाइयों के घर जाने के लिए सुबह से ही निकल पड़ी थीं। परिवारों के साथ बड़ी संख्या में यात्रियों की आवाजाही के कारण बस अड्डों पर भीड़ बढ़ती चली गई। मेरठ से दिल्ली, गाजियाबाद, मुजफ्फरनगर, बिजनौर, बुलंदशहर और आसपास के जिलों के लिए जाने वाली बसों में सबसे अधिक दबाव रहा। अतिरिक्त बसों की व्यवस्था के बावजूद यात्रियों की संख्या इतनी अधिक रही कि कई बसें खचाखच भरकर रवाना हुईं।
सीट के लिए खिड़कियों से चढ़े यात्री
बस के आते ही पहले चढ़ने और सीट घेरने की होड़ मच गई। भीड़ का आलम यह रहा कि दरवाजे से बस में प्रवेश करना मुश्किल हो गया। ऐसे में कुछ यात्री खिड़कियों के रास्ते बस के भीतर दाखिल होते दिखाई दिए। बसों के बाहर भी यात्रियों की लंबी कतारें लगी रहीं और हर कोई जल्द से जल्द अपने गंतव्य तक पहुंचना चाहता था।
पुलिस की मुस्तैदी के बावजूद जाम में फंसीं बहनें
बहनों को भाइयों तक पहुंचने की जल्दी थी, लेकिन शहर के कई प्रमुख मार्गों पर जाम ने उनकी राह मुश्किल कर दी। पुलिस की मुस्तैदी और जगह-जगह तैनाती के बावजूद वाहनों का दबाव बढ़ने से कई स्थानों पर यातायात धीमा रहा। जाम में फंसी बहनों और परिवारों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में परेशानी का सामना करना पड़ा।
सुबह से ही शहर में लोगों की आवाजाही बढ़ गई थी। रोडवेज बस अड्डों के साथ बाजारों और प्रमुख मार्गों पर भी वाहनों की संख्या बढ़ी रही। कई जगह वाहन रेंगते नजर आए।
दिनभर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते रहे कप्तान
त्योहार को देखते हुए पुलिस-प्रशासन की ओर से सुरक्षा और यातायात व्यवस्था के विशेष इंतजाम किए गए थे। कप्तान बीबीजीटीएस मूर्ति, एसपी ट्रैफिक राजेश कुमार श्रीवास्तव और एसपी सिटी विनायक गोपाल भोंसले दिनभर शहर के विभिन्न हिस्सों में भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते रहे। अधिकारियों ने पुलिसकर्मियों की तैनाती, यातायात व्यवस्था और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों की स्थिति का निरीक्षण किया।
पुलिसकर्मी प्रमुख चौराहों और मार्गों पर यातायात नियंत्रित करते नजर आए। इसके बावजूद वाहनों की संख्या बढ़ने के कारण कई जगह जाम की स्थिति बनी रही। त्योहार के दिन बहनों और अन्य यात्रियों को सुरक्षित उनके गंतव्य तक पहुंचाने के लिए पुलिस और रोडवेज कर्मचारियों को दिनभर मशक्कत करनी पड़ी।


No comments:
Post a Comment