इस शरीर में अच्छा महसूस नहीं हो रहा
सुभारती यूनिवर्सिटी में एमबीबीएस के छात्र ने नोट लिखकर की आत्महत्या
मेरठ। सुभारती यूनिवर्सिटी में एमबीबीएस फर्स्ट ईयर के छात्र गोपेश कृष्ण ने सुसाइड कर लिया। छात्र ने यूनिवर्सिटी के हॉस्टल के कमरे में ही फांसी लगाकर जान दे दी। उसने 20 नवंबर को ही कॉलेज ज्वाइन किया था और 29 नवंबर को सुसाइड कर लिया।गोपेश के कमरे से जांच के दौरान पुलिस को रजिस्टर के लास्ट पेज पर एक सुसाइड नोट लिखा मिला है। जिसमें छात्र ने लिखा कि इस शरीर में अच्छा महसूस नहीं हो रहा, इसलिए जान दे रहा हूं।
गोपेश के पिता उदल सिंह यूपी पुलिस में हैं। इस समय मुजफ्फरनगर में आरआई हैं। शनिवार को बेटे की सुसाइड की सूचना मिलने के बाद वो फौरन मेरठ पहुंचे। यहां पूरे मामले की जानकारी ली है।
गोपेश के कमरे में पुलिस को एक रजिस्टर मिला है। इस रजिस्टर के पीछे के दो पन्नों पर सुसाइड नोट लिखा है। सुसाइड नोट में लिखा कि मुझे स्किन डिजीज है। इसकी वजह से में तनाव में हूं। अपनी स्किन की बीमारी के कारण मैं बहुत परेशान हो चुका हूं, इसलिए जान दे रहा हूं। मैं अपनी मौत का खुद जिम्मेदार हूं। आई लव यू मम्मी-पापा। इसके आगे लिखा कि इस शरीर में अच्छा महसूस नहीं हो रहा है। इसलिए जान दे रहा हूं। सुसाइड नोट पर गोपेश ने अपने मोबाइल और लैपटॉप के पासवर्ड भी लिखे हैं।
शुक्रवार रात फैमिली से बात की, शनिवार को फांसी लगाई
गोपेश ने शुक्रवार रात 9 बजे पापा उदल सिंह, मम्मी कमलेश, बड़ी बहन छाया, छोटे भाई हिमेश से वीडियो कॉल पर बात की थी। उसने हॉस्टल और अपने खाने के बारे में बताया। इसके अलावा उसने कुछ नहीं बताया। पिता बोले कि गोपेश बुजदिल निकला अपने मन की बात कहता तो उसे जो भी दिक्कत थी उसको हम सॉल्व करा देते। लेकिन उसने कुछ बताया ही नहीं है।
हम उससे मिलने आ जाते, लेकिन उसने तो हमें समझाने का भी अवसर नहीं दिया। वो तो शुरू से पढ़ाई में एक्सीलेंट था। उसका सपना डॉक्टर बनने का था। हमने तो उसकी बीमारी का पूरी तरह ट्रीटमेंट करा दिया था। वो सही हो चुका था।
पुलिस लैपटॉप, मोबाइल कर रही जांच
पुलिस ने गोपेश का लैपटॉप, मोबाइल भी चैक कर रही है। इसमें यह भी देखा जा रहा है कि शुक्रवार की रात गोपेश ने गूगल, यूट्यूब पर क्या देखा है। कहीं उसने कोई ऐसी मूवी, वीडियो तो नहीं देखा जो हिंसक या स्ट्रेस बेस्ड हो। उसके फोन की गैलरी भी चैक की जा रही है जहां से कुछ सुराग मिल सके। लैपटॉप पर उसने क्या काम किया? सुसाइड नोट में गोपेश ने अपने मोबाइल, लैपटॉप के पासवर्ड लिखे हैं उसी से पुलिस चैक कर रही है।
पिता ने पहचानी बेटे की हैंडराइटिंग
गोपेश के पिता उदल सिंह न सुसाइड नोट देखकर कहा कि ये हैंडराइटिंग गोपेश की ही है। वहीं गोपेश के बड़े जीजा अरुण चौधरी जो गाजियाबाद के मसूरी थाने में तैनात है वो भी अपने लेवल पर इस कांड की पड़ताल कर रहे हैं।


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