कठपुतली के माध्यम से किया जाएगा कुष्ठ रोग के प्रति जागरूक
30 जनवरी से शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में चलेगा स्पर्श कुष्ठ जागरूकता अभियान
मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने चिकित्सकों को दिए दिशा निर्देश
विशेष रूप से झुग्गी झोपड़ी, मलिन बस्तियों में विभाग का रहेगा फोकस
मेरठ, 16 जनवरी 2023। जनपद में 30 जनवरी से 13 फरवरी तक स्पर्श कुष्ठ जागरूकता अभियान का आयोजन किया जाएगा। अधिक से अधिक लोगों को कुष्ठ रोग से होने वाले परिणामों के प्रति जागरूक करने के लिये स्वास्थ्य विभाग ने अब कठपुतली का सहारा लिया है। कठपुतली शो के माध्यम से शहर व देहात की मलिन बस्तियों व झुग्गी झोपड़ियों में जागरूकता फैलाई जाएगी।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अखिलेश मोहन के नेतृत्व में सीएमओ कार्यालय में स्पर्श कुष्ठ अभियान को लेकर समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें जिले के प्रभारी चिकित्सा अधिकारी (एमओआईसी) कुष्ठ विभाग के अधिकारी व कर्मचारियों ने भाग लिया। बैठक में अभियान के तहत आयोजित होने वाले कार्यक्रम के बारे में दिशा निर्देश दिए गए। मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने सभी एमओआईसी को इस अभियान को पूर्ण रूप से चलाने के निर्देश दिए।
जिला कुष्ठ रोग अधिकारी डॉ. कमलेश चन्द्र तिवारी ने बताया कोरोना का संक्रमण काबू होने पर कुष्ठ रोग के प्रति जागरूकता परक गतिविधियों को तेज कर दिया गया है। 30 जनवरी से 13 फरवरी तक ग्रामीण व शहरों क्षेत्रों में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। इसके तहत कुष्ठ रोग के प्रति लोगों में फैली भ्रांती भेदभाव को समाप्त करने के लिये जागरूकता कार्यक्रम चलाया जाएगा। ग्राम सभा में बैठकों का आयोजन कर प्रधान जिला परिषद के सदस्यों व कार्यक्रम में भाग लेने वाले लोगों को कुष्ठ रोग से बचने व उपचार के बारे में मलिन बस्तियों में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। कठपुतली के माध्यम से यह बताया जाएगा कि किन कारणों से कुष्ठ रोग फैलता है और इसका किस प्रकार से उपचार किया जाता है। उन्होंने बताया सरकार की ओर से कुष्ठ रोग के लाभार्थी की पेंशन को 2500 से बढ़ाकर दिसंबर 2021 से 3000 हजार रुपये प्रतिमाह कर दिया गया है। उन्होंने बताया जिले में वर्तमान में 133 लाभार्थी पेंशन पा रहे हैं। रिफास्टिक सर्जरी के तहत कुष्ठ रोगी की विकलांगता को दूर करने का प्रयास भी किया जाता है। सर्जरी के बाद लाभार्थी को 12 हजार रुपये तीन किस्तों में दिये जाते हैं। जिस दिन लाभार्थी की सर्जरी होगी उस दिन छह हजार रुपये का चेक दिया जाता है। दूसरा चेक तीन हजार रुपये का एक माह बाद प्रथम फालोअप पर दिया जाता है। तीसरा चेक तीन हजार रुपये का तीसरे फालोअप पर दिया जाता है।
क्या है कुष्ठ रोग
कुष्ठ रोग एक दीर्घकालिक संक्रामक रोग है। इसमें त्वचा पर हल्के रंग के धब्बे दिखाई देते हैं। इस रोग की शुरुआत बहुत धीमी गति से होती है। यह रोग तंत्रिकाओं, त्वचा और आंखों को प्रभावित करता है। इस रोग से स्थायी शारीरिक विकलांगता हो सकती है। कुष्ठ रोग माइकोबैक्टीरियम लेप्री और माइकोबैक्टीरियम लेप्री मेटासिस के कारण होता है। इसके कारण त्वचा पर दाग धब्बों में संवेदनहीनता यानि सुत्रपन होने लगता है। हाथ या पैरों में अस्थिरता या झुनझुनी पैदा होती है।
उपचार सुविधा उपलब्ध
स्वास्थ्य विभाग कुष्ठ रोगियों को उपचार उपलब्ध करता है। सभी सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों पर मल्टी ड्रग थेरेपी एमडीटी मुफ्त में की जाती है। बैठक में नोडल अधिकारी डॉ विश्वास चौधरी, डॉ. आरके सरोहा, सुपरवाइजर वाई पी एस तोमर, पीएम डब्ल्यू रोशनी, फार्मासिस्ट रवि भूषण, नॉन मेडिकल असिस्टेंट धर्मेन्द्र आदि मौजूद रहे।



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